रिया की मखमल चूत का मजा


Antarvasna, hindi sex stories: मैं अपनी कॉलोनी की दुकान में खड़ा था मैं वहां से कुछ सामान खरीद रहा था कि तभी मैंने सामने से आती हुई एक लड़की को देखा। उस लड़की को देख कर मुझे ऐसा लगा कि जैसे पहली नजर में ही मुझे उससे प्यार होने लगा है और मैं उसे एकटक नजर से देखता रहा। शायद उसे यह बात बिल्कुल भी अच्छी नहीं लगी वह वहां से तो जा चुकी थी लेकिन उसकी तस्वीर मेरे दिमाग में पूरी तरीके से छप चुकी थी और मैं अब उस लड़की के बारे में जानना चाहता था लेकिन मुझे उसके बारे में अभी तक कुछ पता नहीं था उसके बाद वह मुझे काफी समय तक तो दिखाई नहीं दी। एक दिन मेरी बहन और मैं अपने किसी रिलेटिव के घर जा रहे थे लेकिन तभी रास्ते में मुझे रिया दिखाई दी मैंने उसे देखा तो मेरी बहन मुझे कहने लगी कि लगता है आपको उस लड़की से प्यार हो गया है। मुझे नहीं मालूम था कि वह मेरी बहन की सहेली है लेकिन जब मेरी बहन ने मुझे रिया से मिलवाया तो मुझे रिया से मिलकर काफी अच्छा लगा उसके बाद भी हम लोग एक दूसरे से मिलते रहते थे।

हम लोग एक ही कॉलोनी में रहते थे इसलिए रिया और मेरी मुलाकात हो ही जाती थी रिया का परिवार कुछ समय पहले ही हमारी कॉलोनी में रहने के लिए आया था। मैं रिया के पापा मम्मी से कभी मिला नहीं था लेकिन एक दिन मेरी बहन मुझे रिया के घर पर ले गई और मेरी बहन ने मुझे रिया के मम्मी पापा से मिलवाया मुझे उन लोगों से मिलकर काफी अच्छा लगा और उन लोगों को भी मुझसे मिलकर बहुत अच्छा लगा। एक दिन मैंने रिया को कहा कि मुझे तुम्हारे साथ डिनर पर जाना है तो रिया ने मुझे कहा कि मैं तुम्हें इस बारे में फोन पर बताऊंगी और उसके बाद रिया ने मुझे फोन पर इस बारे में बताया। रिया और मैं उस दिन डिनर के लिए साथ में गए जब हम दोनों डिनर के लिए उस दिन साथ में गए तो हम दोनों को काफी अच्छा लग रहा था। मैंने रिया के साथ काफी अच्छा समय बिताया और रिया को भी मेरे साथ काफी अच्छा लगा हम दोनों एक दूसरे के साथ काफी ज्यादा खुश थे। मुझे इस बात की काफी खुशी थी कि रिया और मैं एक दूसरे के साथ अच्छा समय बिता पा रहे हैं। एक समय ऐसा आया जब रिया और मैं एक दूसरे से प्यार करने लगे और हम दोनों एक दूसरे को डेट करने लगे थे लेकिन रिया के परिवार वालों को यह बात बिल्कुल भी मंजूर नहीं थी।

रिया के बड़े भाई ने मुझे एक दिन रिया के साथ देख लिया और वह इस बात से बहुत नाराज हुए और उन्होंने रिया को बहुत डांटा। मुझे रिया ने जब इस बारे में बताया तो मैंने रिया को कहा कि क्या तुम्हारे परिवार वालों को मुझसे कोई परेशानी है तो वह मुझे कहने लगी कि हां पापा और मम्मी को यह बात पता चल चुकी है और अब शायद हम दोनों की मुलाकात हो भी ना पाए। रिया के बड़े भाई रिया पर पूरा ध्यान देने लगे थे और वह लोग उसे घर से भी कम ही बाहर निकलने दिया करते थे। मेरी बात रिया से फोन पर ही हो पाती थी लेकिन मैं उससे मिल नहीं पाता था। एक दिन मैंने रिया को कहा कि तुम किसी बहाने से मुझसे मिलने के लिए आ जाओ तो रिया ने घर पर बहाना बनाकर मुझसे मिलने की कोशिश की और फिर हम दोनों की मुलाकात हुई। इतने समय बाद जब मैं रिया को मिला तो मैं काफी ज्यादा खुश हो गया और रिया भी बहुत ज्यादा खुश थी। उसने मुझे कहा कि शोभित आज तुमसे मिलकर बहुत अच्छा लग रहा है इतने लंबे समय बाद तुमसे मेरी मुलाकात हो रही है और तुम्हारे साथ आज मुझे समय बिताना अच्छा लगा।

मैंने रिया को कहा कि हां मुझे भी तुम्हारे साथ आज समय बिताकर काफी अच्छा लगा। हम दोनों उस दिन साथ में ही थे हम दोनों हमारे घर से कुछ दूरी पर एक पार्क है हम दोनों वहां पर बैठे हुए थे और एक दूसरे से बातें कर रहे थे और हम दोनों को ही अच्छा लग रहा था। रिया भी बहुत ज्यादा खुश थी और मैं भी बहुत ज्यादा खुश था हम दोनों ने साथ में काफी अच्छा समय बिताया और उसके बाद रिया अपने घर चली गई। रिया घर जा चुकी थी उसके बाद मैं रिया को बहुत ज्यादा मिस कर रहा था हम दोनों को ही काफी अच्छा लगा जिस प्रकार से हम दोनों ने साथ में अच्छा समय बिताया और एक दूसरे के साथ इतने लंबे अरसे बाद हम एक अच्छा समय बिता पाए थे मैं बहुत ही ज्यादा खुश था। रिया मुझसे फोन पर बातें किया करती और वह मुझसे चोरी छुपे ही मिला करती थी जब भी उसे मौका मिलता तो वह मुझसे मिल लिया करती थी और मुझे भी इस बात की बहुत ज्यादा खुशी थी कि रिया से मेरी मुलाकात हो जाया करती है। जब भी मेरी मुलाकात रिया के साथ होती तो मुझे बहुत ही अच्छा लगता और रिया भी काफी ज्यादा खुश होती थी जब भी हम दोनों एक दूसरे को मिला करते। एक दिन रिया ने मुझे फोन करते हुए कहा कि मुझे तुमसे मिलना है मैंने रिया को कहा ठीक है। उस दिन रिया चोरी छुपे मुझसे मिलने के लिए आ गई।

जब वह मुझसे मिलने के लिए आई तो मुझे काफी ज्यादा अच्छा लग रहा था और रिया को भी बहुत अच्छा लग रहा था। हम दोनों ने साथ में काफी अच्छा समय बिताया और उसके बाद रिया और मैं एक दूसरे से अक्सर मिला करते थे। हम दोनों एक दूसरे से चोरी छुपे मिला करते थे। मैंने एक दिन रिया को अपने घर पर बुला लिया रिया मुझसे मिलने के लिए घर पर आई। जब वह मुझसे मिलने के लिए आई तो मैंने और रिया ने एक दूसरे के होंठों को चूम लिया। हम दोनों एक दूसरे के होठों को चूम कर बहुत ज्यादा खुश थे। मुझे बहुत ही ज्यादा मजा आ रहा था जिस प्रकार से मैं उसके होंठों का रसपान कर रहा था। वह मेरी गर्मी को लगातार बढ़ाए जा रही थी। उसने मेरी गर्मी को इतना ज्यादा बढ़ा दिया था कि मुझसे एक पल के लिए भी रहा नहीं जा रहा था और ना ही रिया अपने आपको रोक पा रही थी। मैंने उसको कहा मुझसे एक पल के लिए भी रहा नहीं जा रहा है। वह मुझे कहने लगी अब तुमने भी मेरी तडप को पूरी तरीके से बढा कर रख दिया है। रिया की तडप बहुत ज्यादा बढ गई थी।

मैंने रिया के बदन से सारे कपड़े उतार दिए थे वह मेरे सामने नंगी थी। मैं उसको देखकर काफी खुश था मैं उसके स्तनों को जिस प्रकार से दबा रहा था उस से मेरे अंदर की गर्मी लगातार बढ़ती जा रही थी। रिया भी इतनी ज्यादा गरम हो गई थी कि वह मुझे कहने लगी मुझसे बिल्कुल भी रहा नहीं जा रहा है। मैंने रिया की चूत पर अपनी उंगली को लगाया तो रिया की योनि से पानी बाहर निकल रहा था। मैंने धीरे-धीरे उसकी चूत की गर्मी को बढ़ाने का फैसला कर लिया और उसकी योनि की गर्मी इतनी ज्यादा बढ़ चुकी थी कि अब उसकी चूत से बहुत अधिक पानी बाहर की तरफ निकलने लगा था। वह मुझे कहने लगी मुझे बहुत ही ज्यादा अच्छा लग रहा है। मेरे अंदर की गर्मी भी बढ़ती जा रही थी। मैंने अपने लंड को रिया की चूत के अंदर घुसाना शुरू किया। जब मैंने रिया की चूत के अंदर अपने मोटे लंड को घुसाया तो वह बहुत जोर से चिल्ला कर मुझे बोली मेरी योनि से खून निकल आया है। रिया की चूत से खून निकलने लगा था वह गर्म हो चुकी थी और मैं भी काफी ज्यादा गर्म हो चुका था। मैं अपने आपको रोक नहीं पा रहा था वह बहुत ही ज्यादा गर्म सांसे ले रही थी उसकी गरम सांसे मुझे और भी ज्यादा गर्म कर रही थी।

मैंने रिया को तेजी से चोदना शुरु किया। रिया की चूत से निकलते हुए खून को देखकर मुझे अच्छा लग रहा था और मेरी गर्मी भी बढ़ रही थी। मैंने रिया के दोनों पैरों को अपने कंधों पर रखकर उसे तीव्र गति से धक्के मारने शुरू किए। जब मैंने ऐसा करना शुरू किया तो रिया खुश हो गई और वह कहने लगी मुझे बहुत ज्यादा अच्छा लग रहा है। मुझे भी काफी ज्यादा अच्छा लग रहा था मैं बहुत ज्यादा खुश था जिस प्रकार से मैंने रिया के साथ अपनी इच्छा को पूरा कर रहा था। मैने रिया की चूत मे अपने माल को गिरा दिया था। मैंने रिया की आंखों में देखा तो मुझे रिया पर प्यार आ रहा था। रिया की चूत से अभी भी मेरा माल बाहर की तरफ को निकल रहा था। मैंने उसके होंठों को चूमना शुरू किया जब मैंने रिया के होंठों को चूमना शुरू किया तो वह दोबारा से मुझसे चिपकने लगी और मेरी गर्मी को वह बढ़ाने लगी।

मैने रिया की गर्मी को दोबारा से बढा चुका था और मेरे मन उसके साथ दोबारा सेक्स करने का होने लगा। मैंने रिया की योनि पर लंड को रगडना शुरू किया धीरे-धीरे मेरा मोटा लंड रिया की योनि के अंदर चला गया। जब मेरा लंड रिया की योनि के अंदर घुसा तो वह बहुत जोर से चिल्ला कर मुझे कहने लगी मुझे आज मजा आ गया। मैंने रिया को कहा मुझे भी बहुत ज्यादा अच्छा लग रहा है मैंने उसे कहा मुझे और भी तेजी से चोदोना शुरू करो। मै रिया के स्तनो के साथ खेल रहा था मैं जब उसके स्तनों के साथ खेल रहा था तो मुझे मजा आता। वह अब बहुत ज्यादा खुश हो चुकी थी। वह मुझे कहती मुझे और तेजी से चोदो रिया के अंदर से निकलती हुई गर्मी बहुत ज्यादा बढ चुकी थी। उसे चोदने में मुझे बहुत ही ज्यादा मजा आ रहा था मैंने रिया को 5 मिनट तक चोदा और 5 मिनट बाद मेरा माल रिया की चूत मे गिर गया।