प्यार की तलाश अभी भी जारी है


Antarvasna, kamukta: मेरे पापा एक बड़े अधिकारी हैं और मेरी माँ भी एक अच्छे पद पर है जिस वजह से उन लोगों के पास कभी मेरे लिए समय ही नहीं होता। बचपन से मेरी देखभाल हमारे घर में काम करने वाली लता आंटी ने की है वह हमारे घर पर काफी वर्षों से काम कर रही हैं। अब मैं बड़ी हो चुकी हूं मैं अपने कॉलेज की पढ़ाई खत्म करने के बाद अब ज्यादातर समय अपने दोस्तों के साथ ही बिताया करती पापा और मम्मी ने मुझे कभी भी समय नहीं दिया जिस वजह से मुझे उनकी कमी कई बार खलती है। मैं जब अपनी सहेलियों को देखती तो मुझे महसूस होता कि मेरे पापा और मम्मी ने मेरे साथ कभी उतना समय बिताया ही नहीं है लेकिन मुझे भी शायद अब इस चीज की आदत हो चुकी थी। मुझे जब भी कोई तकलीफ या परेशानी होती तो मैं हमेशा ही लता आंटी से बात कर लिया करती उनसे बात करके मुझे बहुत अच्छा लगता उन्होंने ही मुझे बचपन से पाला था और मेरी देखभाल भी वही करती आई थी इसलिए वह मुझे बहुत अच्छे से जानती थी। एक दिन मैं अपनी सहेली मोनिका को मिली जब मैं अपनी सहेली मोनिका को मिली तो वह मुझे कहने लगी नैना तुमसे मैं काफी दिनों बाद मुलाकात कर रही हूं।

मोनिका से मैं बहुत दिनों बाद मिल रही थी लेकिन मोनिका से मिलकर मुझे अच्छा लगा मोनिका ने मुझे बताया कि वह जल्द ही शादी करने वाली है। मैंने मोनिका से पूछा कि तुमने अचानक से शादी करने का फैसला कर लिया तो वह मुझे कहने लगी कि नैना अब मैं तुम्हें क्या बताऊं मैं इस बीच निखिल से मिली थी निखिल और मेरे बीच प्यार हो गया और हम दोनों ने शादी करने का फैसला कर लिया। मैंने मोनिका से कहा लेकिन तुमने तो बहुत जल्दी शादी करने का फैसला ले लिया वह मुझे कहने लगी कि निखिल का साथ मुझे इतना अच्छा लगा कि मैं अब चाहती हूं कि मैं उससे शादी कर लूं। जब मोनिका ने मुझे यह बात बताई तो मैंने मोनिका को बधाई दी और कहा यह तो बहुत ही खुशी की बात है। उस दिन हम लोग करीब एक घंटे तक साथ में बैठे रहे फिर मोनिका मुझसे कहने लगी कि मैं अभी चलती हूं और उसके बाद वह चली गई मैं जब घर लौटी तो मैंने देखा लता आंटी घर की साफ सफाई कर रही थी मैंने उनसे पूछा कि क्या अभी तक मम्मी आई नहीं है।

वह कहने लगी कि नहीं बेटा अभी मम्मी नहीं आई हैं मैंने उन्हें कहा लेकिन आप अभी शाम के वक्त क्यों घर की सफाई कर रही हैं वह मुझे कहने लगी कि बेटा घर काफी ज्यादा गंदा लग रहा था तो मैंने सोचा सफाई कर दूं। मैंने उन्हें कहा क्या आप मेरे साथ कुछ देर बैठ सकती हैं वह मुझे कहने लगी हां बेटा मैं बस अभी थोड़ी देर बाद तुम्हारे साथ बैठ जाती हूं। उन्होंने अपना काम खत्म किया और उसके बाद वह मेरे साथ बैठ कर बात करने लगी मैंने उन्हें जब मोनिका के बारे में बताया तो वह मुझे कहने लगी बेटा यह तो बहुत खुशी की बात है कि मोनिका शादी कर रही है और उसे उसकी पसंद का लड़का मिल गया है। मैंने जब लता आंटी से पूछा क्या आपको लगता है कि मोनिका इतनी जल्दी शादी कर के ठीक कर रही है वह मुझे कहने लगी कि बेटा इस बारे में तो मैं कुछ कह नहीं सकती लेकिन अगर मोनिका और वह लड़का एक दूसरे से प्यार करते हैं तो उन्हें शादी कर लेनी चाहिए भला इसमें किसी को क्या परेशानी होगी। मैं जब मोनिका से मिली तो वह बहुत ज्यादा खुश थी और फिर मुझे भी लगा कि मेरे जीवन में बहुत ही खालीपन है क्योंकि मैं काफी अकेली थी सिर्फ मेरे साथ लता आंटी ही तो थी जिनके साथ मैं बात कर लिया करती थी। पापा और मम्मी का साथ तो मुझे कभी मिला ही नहीं था और उन लोगों से मुझे जो प्यार मिलना चाहिए था उससे भी मैं दूर ही थी। समय बड़ी तेजी से बीता जा रहा था और थोड़ी ही समय बाद मोनिका की शादी तय हो गई जब मोनिका की शादी तय हुई तो उसने मुझे अपनी शादी में इनवाइट किया मैं मोनिका की शादी में गई थी वह बहुत ही ज्यादा खुश थी और वह उस दिन बहुत ज्यादा सुंदर भी लग रही थी। मैंने मोनिका से कहा आज तो तुम बहुत ही अच्छी लग रही हो तो मोनिका मुझे कहने लगी नैना आज मैं बहुत खुश हूं। वह निखिल से शादी कर के बहुत खुश थी अब उन दोनों की शादी हो चुकी थी और मैं उसके बाद घर लौट आई मैं जब घर लौटी तो पापा और मम्मी मुझसे पूछने लगे कि बेटा तुम्हारी सहेली की शादी कैसी रही मैंने उन्हें कहा मोनिका की शादी तो बहुत ही अच्छी रही। मैं उसके बाद अपने कमरे में अपने कपड़े चेंज करने के लिए चली गई और काफी देर तक मैं रूम में ही बैठकर यह सोचती रही कि मोनिका कितनी खुश है और मेरे जीवन में कितना खालीपन है।

समय बीतता जा रहा था और मैं ज्यादातर समय घर पर ही रहती काफी समय बाद मुझे मोनिका मिली तो वह मुझसे कहने लगी कि वह कुछ दिनों के लिए अपने घर आई हुई थी तो उसी बीच मैं मोनिका से मिली। मोनिका ने मुझे बताया कि निखिल उसका बहुत ध्यान रखता है और वह बहुत खुश भी थी वह लोग घूमने के लिए अमेरिका भी गए हुए थे मोनिका ने मुझे अपनी शादीशुदा जिंदगी के बारे में बताया तो मुझे बहुत अच्छा लगा। मोनिका से बात कर के मैं काफी खुशी महसूस कर रही थी मुझे लगने लगा कि मुझे भी अब शादी कर लेनी चाहिए कम से कम मुझे किसी का साथ तो मिल जाएगा क्योंकि पापा मम्मी तो अपने ऑफिस में ही बिजी रहते थे और उनके पास तो मेरे लिए बिल्कुल भी समय नहीं था। मैं अपने आपको काफी अकेला महसूस करती थी मुझे कई बार ऐसा लगता है कि जैसे मैं घर की चार दीवारों के बीच में कैद होकर रह गई हूं।

मैं बहुत ज्यादा तड़प रही थी मुझे किसी की तो जरूरत थी जो मुझे समझ सकता था। मैंने पापा के ड्राइवर के साथ अपना रिश्ता जोड़ना शुरु किया और उससे मै चोरी छुपे फोन पर बाते करने लगी उसकी उम्र 30 वर्ष के आसपास रही होगी लेकिन उसकी शादी अभी तक नहीं हुई थी उसके लिए तो यह बहुत ही अच्छा मौका था। उसने मुझसे बहुत ही अच्छे से बात की मैं उसके प्यार में गिरफ्तार हो चुकी थी मुझे नहीं पता था कि एक दिन हम दोनों के बीच मे सेक्स हो जाएगा। जब पापा ने उसे एक दिन मेरे साथ भेजा वह मुझे छोड़ने के लिए रेलवे स्टेशन आ रहा था मैं अपनी मौसी के घर जा रही थी लेकिन उस दिन वह मुझे गाड़ी में ही किस करने लगा। उसने मेरी जांघो को सहलाना शुरू किया तो मैं मचलने लगी मैं उसकी बाहों में जाने के लिए तड़प रही थी उसने मुझे अपनी बाहों में ले लिया। उसने मेरे स्तनो को कस कर दबाना शुरू किया उसने मुझे अपनी बाहों में भर लिया मैं उसके लिए इतना तड़प रही थी कि मैं अपनी चूत मरवानी चाहती थी। मेरी योनि से पानी निकलने लगा था हम दोनों एक दूसरे के साथ चुम्मा चाटी कर रहे थे गर्मी इस कदर बढ़ गई कि हम दोनों की गर्मी अधिक होने लगी थी। हम दोनों अपने आपको बिल्कुल भी ना रोक सके उसने अपने लंड को बाहर निकाला तो मैंने जब उसके मोटे और काले लंड को देखा तो मैं उसे कहने लगी तुम्हारा लंड बहुत ही ज्यादा मोटा है। वह मुझे कहने लगा तुम अपने मुंह मे लंड को ले लो तुम्हें बहुत ही अच्छा लगेगा। मैं भी उसके मोटे लंड को अपने मुंह के अंदर लेने लगी पहली बार मैंने किसी के मोटे लंड को अपने मुंह में लिया था मेरे लिए यह बहुत ही सुखद एहसास था। मैं इस बात से बहुत ज्यादा खुश थी कि कम से कम मे सेक्स का मजा तो ले पा रही हूं। इतने वर्षों से मैं अंदर ही अंदर घुट रही थी। मुझे काफी ज्यादा मजा आ रहा था मैं उत्तेजित होती जा रही थी मैं इतनी ज्यादा गर्म हो गई कि उसने मेरी जींस को उतारते हुए मेरी पैंटी के उतार दिया और मेरी चूत को चाटने लगा। वह मेरी चूत को चाट रहा था तो मेरे अंदर से निकलती हुई गर्मी इस कदर बढ़ चुकी थी कि अब मुझे अपने आपको रोक पाना बहुत ही मुश्किल हो रहा था।

उसने मेरी चूत पर अपने लंड को लगाया जब उसने मेरी चूत पर अपने लंड को लगाया तो मैंने उसे कहा तुम्हारा लंड तो बहुत ज्यादा गर्म हो चुका है। वह मुझे कहने लगा मुझे आपकी चूत के अंदर अपने लंड को डालना है उसने मेरी चूत के अंदर अपने लंड को डाल दिया मेरी सील टूट चुकी थी। मेरी सील टूटते ही मेरी योनि से बहुत ज्यादा खून आने लगा था मेरी चूत से निकलता हुआ खून इस कदर बढ़ चुका था कि मैंने उसे कहा मैं अपने आपको बिल्कुल भी नहीं रोक पा रही हूं। वह मेरे दोनों पैरों को उठाते हुए तेजी से धक्का दे रहा था मेरी योनि से कुछ ज्यादा ही खून बाहर की तरफ को बह रहा था जिससे कि मैं बिल्कुल भी नहीं रोक पा रही थी। उसने मुझे पूरी तरीके से गरम कर दिया था मैं पसीना पसीना होने लगी थी उसने मेरे निप्पलो को अपने मुंह में लेकर चूसने शुरू किया और मुझे तेजी से धक्के देने शुरू किए तो मेरे अंदर कि गर्मी इस कदर बढने लगी कि मैं बहुत ही ज्यादा तेज आवाज मै सिसकिया लेन लगी। मेरी सिसकियो मे बढ़ोतरी होती जा रही थी मैं ज्यादा गर्म होने लगी।

वह मुझे कहने लगा मुझे लगता है मेरा वीर्य जल्दी बाहर गिरने वाला है। मैंने उसे कहा तुम अपने वीर्य को मेरी चूत के ऊपर गिरा दो। उसने अपने लंड को बाहर निकाला जब उसने अपने लंड को बाहर निकाला तो उसने अपने हाथों से लंड को हिलाना शुरू किया। थोड़ी देर बाद उसने अपने वीर्य को मेरी चूत के ऊपर गिरा दिया उसके बाद तो ना जाने हम लोगों के बीच मे कितनी बार संबंध बने। मेरा उसके साथ ज्यादा लंबे समय तक कोई रिश्ता नहीं चल सका इसलिए मैं सिर्फ उसके साथ सेक्स संबंध बनाया करती थी और मै अपनी इच्छा को पूरा किया करती थी। मेरा अकेलापन दूर हो जाता था और मेरी इच्छा भी पूरी हो जाती जिससे कि मेरी तड़प पूरी तरीके से मिट जाती लेकिन मेरी जिंदगी मे मै बहुत ही अकेली हूं। मैं ढूंढ रही हूं कि कोई मुझे ऐसा मिल जाए जो मुझे समझ सके और मेरी इच्छा को भी पूरा कर सके। मेरी इच्छा को तो पापा का ड्राइवर पूरा कर दिया करता है लेकिन मैं चाहती हूं कि मुझे कोई सच्चा प्यार करें जो कि मुझे अभी तक मिल नहीं पाया है।


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